Escudo de Lascuarenta.es con los cuatro palos de la baraja españolaLascuarenta.es(द फोर्टी)

कार्ड

Macharaviaya की Real Fábrica de Naipes (शाही ताश फैक्ट्री)

As de Oros de una baraja de Lascuarenta.esRey de Copas de una baraja de Lascuarenta.es

Real Fábrica de Naipes de Macharaviaya की स्थापना 1776 में मलागा के अक्सारकिया (Axarquía) क्षेत्र के इस छोटे से गाँव में हुई थी, और इसे अमेरिका तथा फिलीपींस भेजे जाने वाले ताश के पत्तों का एकाधिकार मिला था। स्थानीय Gálvez परिवार ने इसे बढ़ावा दिया और जेनोआ के व्यवसायी Félix Solesio ने इसका प्रबंधन किया। युद्ध और वायसराय के अधीन क्षेत्रों की स्वतंत्रता के बाद यह लगभग 1815 में बंद हो गया।

इसे वहीं क्यों स्थापित किया गया?

Gálvez परिवार के कारण। José de Gálvez, राजा Carlos III के शासनकाल में 'मंत्री ऑफ इंडीज' थे और वे अपने पैतृक गाँव में समृद्धि लाना चाहते थे। उन्होंने यह सुनिश्चित किया कि पूरे साम्राज्य को ताश की आपूर्ति करने वाली फैक्ट्री वहीं स्थापित हो। इसी कारण Macharaviaya को "छोटा मैड्रिड" कहा जाने लगा।

यह कैसे काम करता था

यहाँ हर साल लाखों कार्ड छापे जाते थे, जिन्हें नीचे मलागा ले जाया जाता था और वहां से जहाजों द्वारा कादिज़ (Cádiz) और अमेरिका भेजा जाता था। यह बहुत बारीकी का काम था: इसमें कागज, प्लेटें, रंग और जालसाजी रोकने के लिए कड़े नियंत्रण का उपयोग होता था। आप इसके निदेशक के बारे में यहाँ पढ़ सकते हैं: Félix Solesio y Macharaviaya।

इसका अंत

स्वतंत्रता संग्राम (Guerra de la Independencia), तस्करी और अमेरिका की मुक्ति ने कारखाने को बाजार विहीन कर दिया। आज उस गाँव की केवल यादें शेष हैं, जिसने कुछ दशकों तक वे कार्ड बनाए जिनसे आधी दुनिया खेलती थी। इस कहानी को आगे यहाँ पढ़ें: los naipes de Málaga que viajaron a América।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

Macharaviaya फैक्ट्री की स्थापना कब हुई थी?

इसकी स्थापना 1776 में, Carlos III के शासनकाल के दौरान हुई थी।

क्या आज यहाँ का दौरा किया जा सकता है?

इमारत के अवशेष अभी भी मौजूद हैं और गाँव ने अपनी यादों को संजोकर रखा है; उपलब्ध दौरों के लिए स्थानीय नगर परिषद (Ayuntamiento) से संपर्क करना उचित है।